जातिवाचक संज्ञा की परिभाषा और उदाहरण

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चलिए आज हम जातिवाचक संज्ञा की परिभाषा और उदाहरण की समस्त जानकारी को पढ़ते और समझते हैं।

जातिवाचक संज्ञा की परिभाषा

जो शब्द किसी व्यक्ति, वस्तु या स्थान की संपूर्ण जाति का बोध कराते हैं, उन शब्दों को जातिवाचक संज्ञा कहते हैं।

अर्थात जातिवाचक संज्ञा शब्दों से एक जाति के अंतर्गत आने वाले सभी व्यक्तियों, वस्तुओं व स्थानों का बोध होता हैं।

जैसे :-

वस्तु :– टेबल, कुर्सी, मोबाइल, टीवी, कम्प्यूटर, पुस्तक, बाइक, कार, ट्रक आदि।

स्थान :– गाँव, स्कूल, शहर, बगीचा, नदी, हिमालय आदि।

प्राणी :– लड़का, लड़की, आदमी, जानवर, पशु, पक्षी, गाय आदि।

उदाहरण :-

गाय :- गाय बोलने से पहाड़ी, हरियाणवी, जर्सी, काली, सफ़ेद, देशी, विदेशी आदि सभी गायों का बोध आता है।

अतः गाय जातिवाचक संज्ञा शब्द हुआ क्योंकि गाय पशुओं की एक जाति हैं।

लड़का :- लड़का बोलने से सभी तरह के व सभी जगह के लड़कों का बोध होता हैं।

जैसे :– मोहन, सोहन, अमित, धीरू, रामु, श्यामू, आकाश, पीटर, मार्टिन, आदि।

मनुष्य जाती में लड़का एक ख़ास अवस्था वाली जाति हुई।

नदी :- नदी शब्द का प्रयोग करने पर हमें विश्व की सभी नदियों का बोध होता हैं।

नदी शब्द हमें किसी विशेष नदी जैसे गंगा का बोध न कराकर सभी नदियों बोध करा रहा हैं।

इसके अंतर्गत सभी नदियाँ जैसे :– गंगा, यमुना, सरयू, कोसी से लेकर अमेज़न नदी आती हैं।

अतः नदी जातिवाचक संज्ञा शब्द के अंतर्गत आता हैं क्योंकि नदी जलश्रोतों की एक जाति है।

पहाड़ :- यह शब्द किसी एक विशेष पहाड़ का बोध न कराकर दुनिया के सभी पहाड़ों का बोध करा रहा है। अतः पहाड़ एक जातिवाचक संज्ञा शब्द है।

शहर :- यह एक स्थानसूचक जाति वाचक संज्ञा है। इसके अंतर्गत तमाम शहर आएंगे – दिल्ली, कोलकाता, चेन्नई, मुंबई, बेंगलुरु, वाराणसी, पटना, कानपूर, लखनऊ सभी।

जातिवाचक संज्ञा के कुछ अन्य उदाहरण

  • बच्चे खिलौनों से खेल रहे हैं।
  • पेड़ों पर पक्षी बैठे हैं।

इन वाक्यों में बच्चे, खिलोने, पेड़ व पक्षी शब्द जातिवाचक संज्ञा की श्रेणी में आते हैं क्योंकि ये शब्द किसी भी विशेष बच्चे, पक्षी या पेड़ का बोध न कराकर पूरी जाती का बोध करा रहे हैं।

  • हिरन का शेर शिकार करते हैं।
  • सड़क पर गाड़ियां चलती हैं।

इन वाक्यों में हिरन, शेर, गाड़ियां शब्द जातिवाचक संज्ञा की श्रेणी में आते हैं क्योंकि ये शब्द किसी विशेष वस्तु या प्राणी का बोध न कराकर शेर, हिरन व गाड़ियों की पूरी जाती का बोध करा रहे हैं।

  • आजकल शहरों की जनसँख्या तेज़ी से बढ़ रही है।
  • बच्चे स्कूल जाते हैं।

इन वाक्यों में शहर, बच्चे व स्कूल शब्द जातिवाचक संज्ञा की श्रेंणी में आएंगे क्योंकि ये किसी विशेष स्थान का बोध न कराकर सारे शहर स्कूल व बच्चों का बोध करा रहे हैं।

  • मनुष्य सबसे पुरानी प्रजातियों में से एक है।
  • कुत्ता एक वफादार जानवर होता है।

उपरोक्त उदाहरण में ‘मनुष्य’ और ‘प्रजाति’ किसी एक मनुष्य या प्रजाति का बोध नहीं करा रही है, बल्कि सभी मनुष्य और प्रजाति के बारे में बता रही है। इसीलिए ये दोनों जातिवाचक संज्ञा के उदाहरण वाक्य हैं।

दूसरे उदाहरण में उसी प्रकार ‘कुत्ता’ और ‘जानवर’ जातिवाचक संज्ञा के उदाहरण हैं, क्योंकि ये सभी कुत्तों और जानवरों के बारे में बात करते हैं।

  • मुझे कुत्ते पालने का शौक है।
  • मुझे गाडी में सफर करना पसंद है।

उदाहरण में हम देख सकते हैं की कुत्ते एवं गाडी दोनों ही शब्द हमें किसी एक विशेष गाडी या कुत्ते के बारे में न बताकर ये शब्द कुत्तों एवं गाडी की पूरी जाति का बोध करा रहे है।

  • आज के समय में नदियों में बहुत अधिक प्रदुषण हो रहा है।
  • प्रदुषण से मनुष्यों में तरह तरह की बीमारियां उत्पन्न होती हैं।

ऊपर दिए गए उदाहरणों में नदियों एवं मनुष्यों जैसे शब्द हमें किसी एक प्रकार की नदी या किसी विशेष मनुष्य का बोध न कराकर मनुष्य एवं नदी की पूरी जाति का बोध कराते हैं।

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