गुणवाचक विशेषण की परिभाषा, प्रकार और उदाहरण

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चलिए आज हम गुणवाचक विशेषण की समस्त जानकारी पढ़ते और समझते हैं।

गुणवाचक विशेषण की परिभाषा

ऐसे शब्द जो किसी व्यक्ति या वस्तु के गुण, दोष, रूप, आकार, स्थिति, स्वभाव गंध आदि शब्दों का बोध करती हैं उसे गुणवाचक विशेषण कहते हैं।

उदाहरण :-

काली घटा छायी हैं शायद पानी बरसेगा।

यहाँ पर काली शब्द रंग संबंधी विशेषता बता रहा हैं। इसलिए यहाँ पर गुणवाचक विशेषण हैं।

  • शाम को आसमान सुनहरा रहता हैं।
  • ये मीठा केला हैं।
  • राम बहुत बलवान हैं।
  • खुशी बहुत खूबसूरत हैं।
  • पृथ्वी गोल हैं।

गुणवाचक विशेषण के प्रकार

  1. रंगबोधक :- लाल, पीला, नीला ,काला, सफ़ेद।
  2. कालबोधक:- पापी, बेईमान, बुरा, लालची, घमंडी,।
  3. स्वादबोधक :- खट्टा, मीठा, कड़वा, नमकीन, तीखा,।
  4. गुणबोधक :- सुन्दर, भला, अच्छा, सीधा,ईमानदार।
  5. अवस्थाबोधक :- लम्बा, पतला, मोटा, छोटा ,कमजोर।
  6. दोषबोधक :- पापी, बेईमान, बुरा, लालची, घमंडी,।
  7. आकारबोधक :- लम्बा, चौड़ा, समान, नुकीला, तिरछा,।
  8. स्थानबोधक :- बाहरी,भीतरी,देशीय, विदेशीय, क्षेत्रीय,।
  9. दिशाबोधक :- उत्तर, दक्षिण, पूर्व, पश्चिम, निचला,।
  10. भावबोधक :- अच्छा, बुरा, वीर, डरपोक, कायर,।
  11. स्पर्शबोधक :- मुलायम, ठंडा, गर्म, खुरदरा,।

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